ट्रेनों के स्टापेज के लिए जनहित मोर्चा ने पटरी पर प्रदर्शन कर सौंपा ज्ञापन
सीहोर। शहर के रेलवे स्टेशन पर एक दर्जन से अधिक टे्रन बिना स्टापेज के ही निकल रही है और आस-पास के स्टेशनों पर इनके स्टापेज है, जबकि इन ट्रेनों को जिला मुख्यालय होने के कारण स्टापेज होना चाहिए, इसके बाद भी रुकने की व्यवस्था नहीं है। ट्रेनों के स्टापेज के लिए शनिवार को जनहित मोर्चा ने गांधीवादी तरीके से मोर्चा के उपाध्यक्ष हरीश चंद्र आर्य के नेतृत्व में यात्रियों, समाजसेवियों सहित एक दर्जन लोगों ने पटरी पर फूल माला चढ़कर प्रदर्शन करते हुए सात दिन के अंदर ट्रेनों के स्टापेज की मांग की है।
इस संबंध में मध्यप्रदेश पिछड़ा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष राजेश भूरा यादव सहित अन्य ने बताया कि कोरोना काल में कई ट्रेनें बंद कर दी गई जो फिर से चलना तो शुरू हो गई है, लेकिन उनका आज तक यहां पर फिर से स्टापेज शुरू नहीं हो सका। इससे पहले भी मोर्चा सहित अन्य संगठनों ने ज्ञापन देकर मांग की है, इसके बाद भी ट्रेनों का स्टापेज नहीं हो रहा है। कांग्रेस नेता राजेन्द्र वर्मा, नईम नवाब ने बताया कि जिला मुख्यालय होने के बाद भी यहां पर एक दर्जन से अधिक ट्रेन बिना स्टापेज के गुजर रही है। जिससे मुसाफिरों को परेशानी हो रही है। मोर्चा के लोगों का कहना है कि जो प्रमुख टे्रने है, जिनका अभी तक स्टापेज नहीं हो सका है, उनमें ओवर नाइट इंदौर-जबलपुर, इंदौर-भोपाल इंटरसिटी सहित अन्य कई ट्रेन है।
आगामी दिनों में किया जाएगा सामूहिक आंदोलन
शनिवार को मोर्चा सहित अन्य संगठनों ने गांधीवादी तरीके से प्रदर्शन करते हुए एक ज्ञापन सौंपा है। जिसमें कहा गया है कि शीघ्र ही ट्रेनों का स्टापेज नहीं किया गया और हमारी मांगों को तत्काल पूरा नहीं किया गया तो आगामी दिनों में सामूहिक रूप से आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर पार्षद लोकेन्द्र वर्मा, राकेश वर्मा, अरुण राय, तारा यादव, धर्मेन्द्र रेकवार, सईदलाला मंसूरी, अजमेरी खान, बाबूलाल सूर्यवंशी आदि शामिल थे।

